सपोर्ट और रेजिस्टेंस(Support and resistance) क्या होता है?


Support and Resistance: शेयर बाजार में सपोर्ट और रजिस्टेंस का उपयोग टेक्निकल एनालिसिस में चार्ट पर प्राइस प्वाइंट को बताने के लिए क्या जाता है जिस प्राइस पॉइंट से किसी शेयर का भाव नीचे की ओर गिरने से रुकता है वह वह पॉइंट उसे शेयर का सपोर्ट कहलाता है और इसके विपरीत जिस प्राइस से किसी शेयर का भाव ऊपर की ओर बढ़ने से रुकता है वह पॉइंट उस शेर का रजिस्टेंस कहलाता है

Support and Resistance

Support and Resistance किसी भी चार्ट यह का एक अहम हिस्सा होते हैं क्योंकि जब हम किसी कंपनी शेयर के चार्ट को देखते हैं तो हमें पता चलता है कि वह शेयर प्राइस नीचे गिर रहा है या पता चलता है कि वह शेयर प्राइस ऊपर बढ़ रहा है लेकिन हमें यह नहीं पता होता कि वह प्राइस कहां तक नीचे गिरेगा और कहां तक ऊपर की ओर बढ़ेगा इसलिए सपोर्ट और रजिस्टेंस की मदद से हम यह सब जान पाते हैं की वह प्राइस कहां तक ऊपर जा सकता है और कहां तक नीचे गिर सकता है स्पोर्ट और रजिस्टेंस हमें टेक्निकल एनालिसिस में किसी भी चार्ट पर उस प्राइस पॉइंट को दर्शाते हैं इसे हमें पता चलता है कि कि अब यह स्टॉक स्पोर्ट् लेकर ऊपर की ओर चढ़ेगा रजिस्टेंस से नीचे गिरेगा

Support and resistance मानव व्यहवहार राब्ता की तरह होता है

सपोर्ट और रजिस्टेंस को मानव व्यवहार की तरह बताया गया क्योंकि बाजार भी इसी तरह का व्यवहार करता है शेयर बाजार का व्यवहार सपोर्ट और रजिस्टेंस होता है शेयर बाजार मानव की तरह अपना इतिहास दोहराता है मतलब उसकी तरह दोबारा व्यवहार करता है जिस प्रकार कोई मनुष्य किसी के साथ अच्छा या बुरा व्यवहार करता है और फिर वह मनुष्य उस व्यवहार को दोबारा या बार-बार दोहराता है उसी प्रकार शेयर बाजार भी जब नीचे गिरता है या ऊपर की ओर बढ़ता है तो वह दोबारा भी नीचे गिरेगा और उसके बाद ऊपर की ओर बढ़ेगा इस प्रकार जब बाजार मैं कोई स्टॉक जिस प्राइस पॉइंट से गिरता है वह रजिस्टेंस होता है और जिस प्राइस पॉइंट से गिरकर वह ऊपर की ओर जाता है वह सपोर्ट होता है

Support and Resistance लेवल को समझना और लाइन बनाना

Support and Resistance लेवल को समझना बहुत ही आसान है किसी भी शेयर का सपोर्ट चार्ट पर वह प्राइस पॉइंट होता है जहां से वह शेयर प्राइस बार-बार ऊपर की तरफ चला जाता है वह पॉइंट उस शेयर का सपोर्ट होता है और रजिस्टेंस चार्ट का वह पॉइंट होता है जहां से शेयर प्राइस बार-बार नीचे की ओर गिर जाता है वह पॉइंट उसे शेयर का रजिस्टेंस होता है और हम आसानी से लाइन ड्रा कर सकते हैं

रेजिस्टेंस (The Resistance)

resistance- स्टॉक मार्केट में इस शब्द का इस्तेमाल किसी भी शेर के शेयर के टेक्निकल एनालिसिस चार्ट पर उस प्राइस पॉइंट को दर्शाता है जिस प्राइस पॉइंट से किसी शेयर का भाव ऊपर चढ़ने से रुकता है और नीचे की ओर गिरता है मतलब जिस प्राइस पॉइंट से किसी शेयर का भाव पर चढ़ना बंद होकर नीचे की ओर गिरता है वह पॉइंट रजिस्टेंस कहलाता है रजिस्टेंस को हिंदी में रुकावट करना भी कर सकते हैं क्योंकि जब किसी शेयर का प्राइस या भाव ऊपर की ओर बढ़ता है तो वह एक लिमिट के हिसाब से बढ़ता है और जिस पॉइंट तक बढ़ता है वह उसका रजिस्टेंस होता है क्योंकि मार्केट में मार्केट में अगर मंदी होती है तो वह शेयर का भाव उस रजिस्टेंस पॉइंट से नीचे गिरेगा और अगर मार्केट में तेजी होती है तो वह शेयर का भाव उस रजिस्टेंस को तोड़कर ऊपर की ओर चला जाएगा इस प्रकार रजिस्टे

सपोर्ट (The Support)

support- स्टॉक मार्केट में स्पोर्ट्शब्द का इस्तेमाल किसी शेयर के टेक्निकल एनालिसिस चार्ट पर उस प्राइस पॉइंट को दर्शाने के लिए या बताने के लिए किया जाता है जिस प्राइस से वह टॉप स्टॉक का प्राइस नीचे गिरने से रुकता है मतलब जिस प्राइस से शेयर का भाव नीचे गिरने से बंद होकर सपोर्ट लेकर ऊपर की ओर जाता है वह सपोर्टकहलाता है सपोर्ट को हिंदी में सहारा देना भी कह सकते हैं क्योंकि जब किसी शेयर का भाव नीचे गिर रहा होता है तो जिस पॉइंट से वह रुक कर वापस ऊपर की ओर चला जाता है वह पॉइंट उस शेयर का सपोर्ट होता है मतलब वह पॉइंट उसको सहारा देता है इसलिए वह शेयर ऊपर की ओर ट्रेड करता हैऔर अगर और अगर बाजार में मंदी होहो तो वह शेयर का भाव उस स्पोर्ट् पॉइंट को तोड़कर और नीचे गिर जाता है


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